आगरा न्यूज: होली पर भी नहीं मिला पानी, खाली बर्तन लेकर सड़कों पर उतरी भीड़; जाम लगाकर किया हंगामा
आगरा। ताजनगरी आगरा में विकास के तमाम दावों के बीच बुनियादी सुविधाओं का बुरा हाल है। ताज़ा मामला खंदारी क्षेत्र का है, जहाँ होली जैसे बड़े त्योहार पर भी लोगों के घरों में पानी की एक बूंद नहीं टपकी। प्रशासन की इस अनदेखी से नाराज वार्ड-33 के दर्जनों इलाकों के निवासी बृहस्पतिवार को सड़कों पर उतर आए और खाली बर्तन रखकर विरोध प्रदर्शन किया।
त्योहार की खुशी पर भारी पड़ा जल संकट
होली के दिन जहाँ पूरा शहर रंगों में सराबोर था, वहीं खंदारी वार्ड-33 के अंतर्गत आने वाले 12 से अधिक मोहल्लों में सन्नाटा पसरा रहा। इसका कारण रंगों की कमी नहीं, बल्कि पानी का न होना था। दोपहर करीब 3:00 बजे महिलाओं और पुरुषों का धैर्य जवाब दे गया। बड़ी संख्या में लोग अपने घरों से खाली बाल्टियां, ड्रम और बर्तन लेकर मुख्य सड़क पर आ गए और रास्ता जाम कर दिया।
प्रदर्शनकारियों का कहना था कि त्योहार के दिन घर की सफाई, खाना पकाने और नहाने तक के लिए पानी उपलब्ध नहीं है। घंटों तक चले इस हंगामे की वजह से सड़क पर लंबा जाम लग गया, जिससे राहगीरों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
पुलिस और पार्षद के हस्तक्षेप के बाद खुला जाम
सड़क जाम और हंगामे की सूचना मिलते ही थाना हरीपर्वत की पुलिस टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने आक्रोशित भीड़ को शांत करने की कोशिश की, लेकिन लोग नगर निगम के अधिकारियों को मौके पर बुलाने की मांग पर अड़े रहे। इसके बाद क्षेत्रीय पार्षद सुनील शर्मा मौके पर पहुंचे और जनता को भरोसा दिलाया कि उनकी समस्या का समाधान जल्द किया जाएगा। लगभग एक घंटे की कड़ी मशक्कत और पानी के टैंकर मंगाए जाने के आश्वासन के बाद लोगों ने जाम खोला।
कागजों में पास, जमीन पर प्यास
हैरानी की बात यह है कि खंदारी क्षेत्र में पानी की समस्या कोई नई नहीं है। स्थानीय निवासियों के अनुसार, वर्ष 2025 में नगर निगम सदन में इस क्षेत्र में नई पाइपलाइन बिछाने का प्रस्ताव पास हो चुका है। बावजूद इसके, आज तक यहाँ के लोगों को ‘गंगाजल’ नसीब नहीं हुआ।
क्षेत्र के प्रमुख प्रभावित मोहल्लों में शामिल हैं:
- खंदारी बस्ती और आजाद नगर
- शास्त्री नगर और पुष्प विहार कॉलोनी
- बापूनगर और सुरजेपुर
- आईएसबीटी और ट्रांसपोर्ट नगर
इन इलाकों में या तो पाइपलाइन है ही नहीं, और जहाँ है, वहां पाइप पुराने होने के कारण पूरी तरह डैमेज हो चुके हैं। गंदा पानी और लो-प्रेशर की समस्या यहाँ के लोगों की नियति बन चुकी है।
पार्षद सुनील शर्मा की चेतावनी
पार्षद सुनील शर्मा ने मीडिया से बात करते हुए बताया कि उन्होंने कई बार नगर आयुक्त, महापौर और जलकल विभाग के महाप्रबंधक (GM) को लिखित शिकायतें दी हैं। अधिकारियों ने बार-बार सप्लाई सुचारु करने का आश्वासन दिया, लेकिन धरातल पर स्थिति जस की तस बनी हुई है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में चेतावनी दी कि यदि जल्द ही जलापूर्ति बहाल नहीं की गई, तो वह क्षेत्र की जनता के साथ मिलकर नगर निगम और जलकल कार्यालय का घेराव करेंगे और एक बड़ा आंदोलन शुरू करेंगे।
निष्कर्ष
स्मार्ट सिटी का दर्जा पाने वाले आगरा में त्योहारों के मौके पर बुनियादी पानी की किल्लत प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े करती है। जब तक पाइपलाइन के प्रस्तावों को कागजों से निकालकर धरातल पर नहीं उतारा जाएगा, तब तक खंदारी जैसे क्षेत्रों की जनता इसी तरह प्यासी और आक्रोशित रहेगी।