Kanpur News: मंदिर के महंत की बेरहमी से पिटाई, नॉनवेज खाते हुए तस्वीर वायरल होने पर भड़का लोगों का गुस्सा
कानपुर: उत्तर प्रदेश के कानपुर जिले से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहाँ एक प्रतिष्ठित मंदिर के महंत के साथ उग्र भीड़ ने जमकर मारपीट की। घटना का मुख्य कारण सोशल मीडिया पर वायरल हुई एक तस्वीर बताई जा रही है, जिसमें महंत कथित तौर पर नॉनवेज (मांसाहार) का सेवन करते हुए नजर आ रहे हैं। इस घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल है और भारी पुलिस बल की तैनाती की गई है।
क्या है पूरा मामला?
मामला कानपुर के रावतपुर थाना क्षेत्र का है। यहाँ के एक प्रसिद्ध और प्रतिष्ठित मंदिर के महंत की एक तस्वीर पिछले कुछ घंटों से सोशल मीडिया पर तेजी से प्रसारित हो रही थी। तस्वीर में महंत को मांसाहारी भोजन करते हुए दिखाया गया था। जैसे ही यह खबर स्थानीय लोगों और भक्तों के बीच फैली, लोगों का गुस्सा सातवें आसमान पर पहुँच गया।
बड़ी संख्या में लोग मंदिर परिसर के बाहर इकट्ठा हो गए और महंत के खिलाफ नारेबाजी करने लगे। देखते ही देखते विरोध प्रदर्शन ने हिंसक रूप ले लिया और भीड़ ने महंत को घेरकर उनकी पिटाई शुरू कर दी।
पुलिस ने कड़ी मशक्कत के बाद महंत को बचाया
महंत के साथ मारपीट की सूचना मिलते ही रावतपुर पुलिस तुरंत हरकत में आई। मौके पर पहुँची पुलिस को आक्रोशित भीड़ को शांत करने में काफी मशक्कत करनी पड़ी। पुलिसकर्मियों ने घेरा बनाकर किसी तरह महंत को भीड़ के चंगुल से छुड़ाया और सुरक्षित स्थान पर ले गए।
सोशल मीडिया पर इस मारपीट के कई वीडियो वायरल हो रहे हैं, जिसमें भीड़ को महंत के साथ धक्का-मुक्की और मारपीट करते देखा जा सकता है। पुलिस अब इन वीडियो के आधार पर हमलावरों की पहचान करने की कोशिश कर रही है।
जांच के घेरे में वायरल तस्वीर
पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि पहली प्राथमिकता शांति व्यवस्था बनाए रखना है। साथ ही, उस वायरल तस्वीर की भी फोरेंसिक जांच कराई जा सकती है ताकि यह पता चल सके कि तस्वीर असली है या उसे महंत की छवि धूमिल करने के लिए एडिट (मॉर्फ) किया गया है।
थाना प्रभारी का बयान:
”कानून को हाथ में लेने का अधिकार किसी को नहीं है। यदि किसी की धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं, तो उसकी शिकायत की जानी चाहिए थी। मारपीट करने वालों और माहौल बिगाड़ने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।”
इलाके में तनाव, पुलिस का फ्लैग मार्च
इस घटना के बाद रावतपुर और आसपास के क्षेत्रों में सांप्रदायिक संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस मुस्तैद है। वरिष्ठ अधिकारियों ने लोगों से शांति बनाए रखने और किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की है। पुलिस सोशल मीडिया पर भी पैनी नजर रख रही है ताकि भड़काऊ संदेशों को फैलने से रोका जा सके।