यूपी विधानमंडल विशेष सत्र: ‘महिलाओं के श्राप से हुई कांग्रेस की दुर्गति’, सीएम योगी का सपा-कांग्रेस पर बड़ा प्रहार
उत्तर प्रदेश विधानमंडल के एकदिवसीय विशेष सत्र के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विपक्ष, विशेषकर समाजवादी पार्टी (सपा) और कांग्रेस पर अब तक का सबसे तीखा हमला बोला। महिला आरक्षण संशोधन विधेयक के समर्थन में बुलाए गए इस सत्र में सीएम योगी ने न केवल सरकार की उपलब्धियां गिनाईं, बल्कि इतिहास के पन्नों को पलटते हुए विपक्ष को उनके पुराने आचरण की याद भी दिलाई।
1. महिलाओं का ‘श्राप’ और कांग्रेस का पतन
मुख्यमंत्री ने सीधे तौर पर कांग्रेस की वर्तमान राजनीतिक स्थिति को महिलाओं के अपमान से जोड़ा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने दशकों तक देश पर शासन किया, लेकिन कभी भी महिलाओं के स्वावलंबन और सुरक्षा को प्राथमिकता नहीं दी।
”कांग्रेस की आज जो दुर्गति हुई है, वह महिलाओं के श्राप का परिणाम है। शाहबानो मामले में कांग्रेस ने जिस तरह तुष्टीकरण की राजनीति की और मौलवियों के सामने घुटने टेके, उसे देश कभी नहीं भूलेगा।”
सीएम योगी ने आगाह किया कि समाजवादी पार्टी भी अब उसी रास्ते पर चल रही है और उसका हश्र भी कांग्रेस जैसा ही होने वाला है।
2. सपा को याद दिलाया ‘स्टेट गेस्ट हाउस कांड’
समाजवादी पार्टी द्वारा महिला आरक्षण की मांग किए जाने पर तंज कसते हुए मुख्यमंत्री ने ‘स्टेट गेस्ट हाउस कांड’ का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि पूरा प्रदेश जानता है कि सपा का महिलाओं के प्रति क्या नजरिया रहा है।
- दलित की बेटी का सम्मान: सीएम ने कहा कि जब लखनऊ के गेस्ट हाउस में एक ‘दलित की बेटी’ (मायावती) के सम्मान पर हमला हुआ था, तब भाजपा के कार्यकर्ता ही उनके सम्मान की रक्षा के लिए आगे आए थे।
- गिरगिट से तुलना: मुख्यमंत्री ने सपा के बदलते रुख पर तंज कसते हुए कहा कि आज जो लोग महिलाओं के लिए 33% आरक्षण की वकालत कर रहे हैं, उनके इस व्यवहार को देखकर तो गिरगिट भी शरमा जाए।
3. केंद्र और राज्य सरकार की उपलब्धियां
भाषण के दौरान मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में महिलाओं के लिए किए गए क्रांतिकारी कार्यों का विवरण दिया:
- जनधन खाते और आर्थिक मदद: सीएम ने कहा कि जब जनधन खाते खोले जा रहे थे, तब सपा ने मजाक उड़ाया था। लेकिन कोविड काल के दौरान इन्ही खातों ने महिलाओं को सीधे आर्थिक सहायता पहुंचाने का काम किया।
- नारी गरिमा और शौचालय: देश भर में बनाए गए 12 करोड़ शौचालय महिलाओं की गरिमा के प्रतीक हैं। विपक्ष ने इसका भी उपहास उड़ाया था।
- उज्ज्वला और लखपति दीदी: 10 करोड़ महिलाओं को मुफ्त गैस कनेक्शन दिए गए और ‘लखपति दीदी’ योजना के माध्यम से करोड़ों महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाया गया।
4. ‘मौलवियों के सामने नाक रगड़ना विपक्ष की प्रवृत्ति’
तुष्टीकरण की राजनीति पर हमला करते हुए सीएम योगी ने कहा कि सपा और कांग्रेस की प्रवृत्ति हमेशा से कट्टरपंथियों के सामने झुकने की रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि इन दलों ने हमेशा वोट बैंक की राजनीति को महिलाओं के अधिकारों से ऊपर रखा है। उन्होंने सदन में स्पष्ट कहा कि विपक्ष का चेहरा कुछ और है और उनके असली कारनामे कुछ और।
5. यूपी की अर्थव्यवस्था और महिला भागीदारी
मुख्यमंत्री ने आंकड़ों के जरिए बताया कि कैसे महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने से प्रदेश की अर्थव्यवस्था को लाभ हुआ है:
- कानून व्यवस्था: प्रदेश में बेहतर कानून व्यवस्था के कारण वर्क फोर्स में महिलाओं की भागीदारी तेजी से बढ़ी है।
- GSDP में वृद्धि: इसी का परिणाम है कि उत्तर प्रदेश की अर्थव्यवस्था में पिछले कुछ वर्षों में तीन गुना वृद्धि दर्ज की गई है।
6. माफी की मांग
अपने संबोधन के अंत में सीएम योगी ने सपा नेताओं से दो टूक कहा कि यदि वे वास्तव में महिला आरक्षण के पक्षधर हैं, तो उन्हें सबसे पहले संसद और विधानमंडल में अपने पिछले अमर्यादित आचरण के लिए देश की महिलाओं से माफी मांगनी चाहिए।
निष्कर्ष
सीएम योगी आदित्यनाथ का यह भाषण आगामी चुनावों के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। उन्होंने महिला सुरक्षा और सम्मान को केंद्र में रखकर विपक्ष की घेराबंदी की है। अब देखना यह है कि ‘इंडी गठबंधन’ (I.N.D.I.A.) इन गंभीर आरोपों का क्या जवाब देता है।