लखनऊ: प्लॉट खरीदने वालों के लिए चेतावनी! 30 लाख की ठगी कर आरोपियों ने दी जान से मारने की धमकी:-
लखनऊ। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में जमीन के कारोबार में धोखाधड़ी के मामले थमने का नाम नहीं ले रहे हैं। ताजा मामला सरोजनीनगर थाना क्षेत्र से सामने आया है, जहाँ एक परिवार को प्लॉट दिलाने के नाम पर 30 लाख रुपये से अधिक का चूना लगा दिया गया। जब पीड़ित ने अपने पैसे वापस मांगे, तो उसे न केवल गालियां दी गईं, बल्कि जान से मारने की धमकी भी दी गई। पुलिस ने इस मामले में चार लोगों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
क्या है पूरा मामला?
यह मामला उन्नाव जिले के दही क्षेत्र स्थित आवास विकास कॉलोनी के रहने वाले पवन कुमार यादव से जुड़ा है। पवन ने पुलिस को दी गई शिकायत में बताया कि उन्होंने सरोजनीनगर के बेहसा इलाके में एक जमीन खरीदने का मन बनाया था। इस जमीन का सौदा अमौसी एयरपोर्ट क्षेत्र के रहने वाले सौरभ नाम के व्यक्ति से तय हुआ था।
सौरभ ने खुद को जमीन का असली मालिक बताया और भरोसा दिलाया कि वह पवन को एक बेहतरीन प्लॉट दिलाएगा। सौदा कुल 2.70 करोड़ रुपये में तय हुआ था। आरोपियों ने पवन को झांसे में लेकर विक्रय अनुबंध (Sale Agreement) और स्टांप शुल्क के नाम पर पैसों की मांग शुरू कर दी।
बैंक खातों से ट्रांसफर किए गए ₹30.10 लाख
पवन कुमार यादव के अनुसार, उन्होंने सौरभ की बातों पर भरोसा करते हुए अपनी मां संतोष कुमारी, भाई शिवम यादव और खुद के बैंक खातों से अलग-अलग तारीखों में पैसे ट्रांसफर किए। यह सारा लेनदेन आरटीजीएस (RTGS) के माध्यम से किया गया, ताकि पारदर्शिता बनी रहे।
कुल मिलाकर 30.10 लाख रुपये की राशि सौरभ, उसके चाचा रामकिशुन, गीता और ‘नित्या इंटरप्राइजेज’ के मालिक टिंकू सोनी के खातों में भेजी गई। पीड़ित के पास इन सभी ट्रांजेक्शन के पुख्ता सबूत और बैंक रसीदें मौजूद हैं।
रजिस्ट्री के समय खुला राज, आरोपियों ने किया इनकार
धोखाधड़ी का खुलासा तब हुआ जब 29 अगस्त 2025 को पवन कुमार यादव रजिस्टर्ड विक्रय अनुबंध कराने के लिए पहुंचे। पवन का आरोप है कि वहां सौरभ, रामकिशुन और टिंकू सोनी ने अनुबंध करने से साफ मना कर दिया। जब पवन ने विरोध किया और अपने दिए गए 30.10 लाख रुपये वापस मांगे, तो आरोपियों का असली चेहरा सामने आ गया।
पीड़ित के मुताबिक, आरोपियों ने उन्हें सरेआम गाली-गलौज की और पैसे वापस करने से इनकार कर दिया। इतना ही नहीं, उन्हें धमकी दी गई कि अगर दोबारा पैसे मांगे तो उन्हें जान से मार दिया जाएगा और किसी झूठे मुकदमे में फंसाकर जेल भिजवा दिया जाएगा।
पुलिस की कार्रवाई और जांच
काफी समय तक न्याय के लिए भटकने के बाद, पवन कुमार यादव ने पुलिस प्रशासन का दरवाजा खटखटाया। सरोजनीनगर पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए मंगलवार को चार आरोपियों (सौरभ, रामकिशुन, गीता और टिंकू सोनी) के खिलाफ प्राथमिकी (FIR) दर्ज कर ली है।
इंस्पेक्टर राजदेव प्रजापति ने बताया कि पीड़ित द्वारा दिए गए बैंक ट्रांजेक्शन और अन्य दस्तावेजों की जांच की जा रही है। पुलिस टीम आरोपियों की तलाश में जुट गई है और जल्द ही इस मामले में गिरफ्तारी की जा सकती है।
निष्कर्ष और सावधानी
लखनऊ जैसे बड़े शहरों में रियल एस्टेट में निवेश करते समय खरीदारों को अत्यधिक सावधानी बरतने की जरूरत है। किसी भी जमीन का सौदा करने से पहले स्थानीय तहसील से जमीन के कागजात (खतौनी) की जांच जरूर करें और यह सुनिश्चित करें कि आप असली मालिक से ही बात कर रहे हैं। बिना कानूनी सलाह के बड़ी राशि का भुगतान करना जोखिम भरा हो सकता है।