Flood Alert: फ्लड जोन में श्री काशी विश्वनाथ धाम, चौबेपुर का टोल प्लाजा, मिर्जापुर डीएम कार्यालय; जानें खास
उत्तर प्रदेश में पहली बार गंगा और उसकी सहायक नदियों के किनारे स्थित संवेदनशील इलाकों को “फ्लड जोन” के रूप में चिन्हित किया गया है।
इसी सूची में Shri Kashi Vishwanath Dham, चौबेपुर का टोल प्लाजा और Mirzapur DM Office भी शामिल हैं।
रिपोर्ट के अनुसार, हरिद्वार से बलिया तक गंगा किनारे बसे कई महत्वपूर्ण सरकारी और सार्वजनिक ढांचे बाढ़ जोखिम क्षेत्र में पाए गए हैं। प्रशासन ने संभावित बाढ़ की स्थिति को देखते हुए संवेदनशील स्थानों की मैपिंग और सुरक्षा तैयारियां शुरू कर दी हैं।
मुख्य बिंदु:
गंगा किनारे के संवेदनशील क्षेत्रों का पहली बार वैज्ञानिक आकलन।धार्मिक, प्रशासनिक और परिवहन से जुड़े प्रमुख ढांचे फ्लड जोन में।मानसून से पहले आपदा प्रबंधन और राहत योजना पर जोर।जिलों को सतर्क रहने और त्वरित प्रतिक्रिया तंत्र मजबूत करने के निर्देश।
विशेषज्ञों का मानना है कि जलस्तर बढ़ने, अनियोजित निर्माण और नदी तटों पर बढ़ते दबाव के कारण भविष्य में बाढ़ का खतरा और बढ़ सकता है।
