Prateek Yadav Death: प्रतीक यादव के निधन पर गहराया रहस्य, दोस्त का बयान पलटा; अखिलेश यादव बोले- ‘जांच होनी चाहिए’
भूमिका
समाजवादी पार्टी के संस्थापक दिवंगत मुलायम सिंह यादव के छोटे बेटे प्रतीक यादव के आकस्मिक निधन ने उत्तर प्रदेश की राजनीति और यादव परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया है। बुधवार सुबह आई इस खबर के बाद से ही लखनऊ के सियासी गलियारों में हलचल तेज हो गई है। प्रतीक यादव अपनी फिटनेस और जिम प्रेम के लिए जाने जाते थे, ऐसे में उनकी अचानक मौत कई सवाल खड़े कर रही है।
दोस्त का बदलता बयान और ‘नीली बॉडी’ का रहस्य
प्रतीक यादव की मौत के मामले में एक नया मोड़ तब आया जब उनके साथ जिम करने वाले एक दोस्त अंकित का बयान सामने आया। सूत्रों के अनुसार, अंकित ने शुरुआत में कहा कि जब उसने प्रतीक को देखा तो उनकी बॉडी नीली पड़ चुकी थी। शरीर नीला पड़ना अक्सर ऑक्सीजन की कमी या किसी संदिग्ध जहर/रिएक्शन की ओर इशारा करता है। हालांकि, कुछ ही समय बाद अंकित अपने बयान से पूरी तरह मुकर गया और कहा कि उसने ऐसा कुछ नहीं कहा। दोस्त के इस बदलते स्टैंड ने मामले को और अधिक रहस्यमयी बना दिया है।
अखिलेश यादव ने जताया दुख, जांच की मांग की
निधन की सूचना मिलते ही सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव लखनऊ स्थित केजीएमयू (KGMU) के पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे। उन्होंने मीडिया से बात करते हुए कहा, “प्रतीक बहुत ही जुझारू और अपनी मेहनत से आगे बढ़ने वाला इंसान था। वह अपने स्वास्थ्य को लेकर बहुत सजग रहता था। उसका इस तरह चले जाना अपूरणीय क्षति है।”
अखिलेश यादव ने स्पष्ट रूप से कहा कि इस मामले की गहन जांच होनी चाहिए ताकि मौत की सही वजह सामने आ सके। उन्होंने कहा कि परिवार इस मामले में जो भी निर्णय लेगा, वह उसका सम्मान करेंगे।
सपा विधायक रविदास मल्होत्रा का बड़ा बयान
लखनऊ मध्य से सपा विधायक रविदास मल्होत्रा ने भी पोस्टमार्टम हाउस पहुंचकर डॉक्टरों से बात की। उन्होंने सवाल उठाया कि यदि मौत सामान्य थी, तो पोस्टमार्टम क्यों कराया जा रहा है? जिस पर डॉक्टरों ने बताया कि संदिग्ध परिस्थितियों में मौत होने के कारण पोस्टमार्टम अनिवार्य है। मल्होत्रा ने मांग की है कि किसी स्वतंत्र न्यायाधीश की अध्यक्षता में एक कमेटी बनाई जाए जो इस पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच करे।
अपर्णा यादव के आने का इंतज़ार
प्रतीक यादव की पत्नी अपर्णा यादव इस दुखद घड़ी में लखनऊ पहुँच रही हैं। जानकारी के मुताबिक, उनकी दोपहर 1:30 बजे की फ्लाइट है। उनके लखनऊ पहुँचने के बाद ही प्रतीक के पार्थिव शरीर को परिवार को सौंपा जाएगा और अंतिम संस्कार की प्रक्रिया शुरू होगी।
फिटनेस फ्रीक थे प्रतीक यादव
प्रतीक यादव के बारे में कहा जाता है कि वह अपनी सेहत का बहुत ख्याल रखते थे। उन्होंने खुद को एक ‘बॉडीबिल्डर’ के रूप में ढाल रखा था और लखनऊ में अपना जिम भी चलाते थे। ऐसे व्यक्ति की अचानक मौत ने मेडिकल एक्सपर्ट्स को भी हैरान कर दिया है। क्या यह हार्ट फेलियर था या कोई अन्य कारण, इसका खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही होगा।
निष्कर्ष
प्रतीक यादव का जाना न केवल यादव परिवार के लिए व्यक्तिगत क्षति है, बल्कि इसने प्रदेश की कानून व्यवस्था और स्वास्थ्य संबंधी जांचों पर भी ध्यान खींचा है। फिलहाल सभी की निगाहें पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर टिकी हैं, जो इस रहस्य से पर्दा उठाएगी कि आखिर एक फिट और युवा इंसान की जान कैसे चली गई।