वाराणसी

वाराणसी: बड़ी परियोजनाओं की CCTV से करें मॉनिटरिंग, विधानमंडल समिति की सभापति मनीषा अनुरागी के कड़े निर्देश

वाराणसी। उत्तर प्रदेश विधानमंडल की सार्वजनिक उपक्रम एवं निगम संबंधी संयुक्त समिति ने वाराणसी में चल रही विकास परियोजनाओं की समीक्षा की। सर्किट हाउस सभागार में आयोजित इस महत्वपूर्ण बैठक में समिति की सभापति मनीषा अनुरागी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि जनपद में जितनी भी बड़ी निर्माणाधीन परियोजनाएं हैं, वहां CCTV कैमरे अनिवार्य रूप से लगाए जाएं।

​सभापति ने जोर देकर कहा कि इन कैमरों के माध्यम से निर्माण कार्यों की नियमित निगरानी के लिए जिला स्तर पर एक कंट्रोल रूम स्थापित किया जाना चाहिए। इससे न केवल कार्य की गति बढ़ेगी, बल्कि पारदर्शिता और गुणवत्ता भी सुनिश्चित हो सकेगी।

​गुणवत्ता और समय सीमा पर विशेष जोर

​बैठक के दौरान सभापति ने कार्यदायी संस्थाओं को कड़ा संदेश दिया कि शासन द्वारा निर्धारित मानकों में किसी भी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा:

  • ​जिन परियोजनाओं में अतिरिक्त फंड की आवश्यकता है, उनके लिए तत्काल शासन को पत्र भेजें।
  • ​नोडल अधिकारी नियमित रूप से निर्माण स्थलों का भौतिक निरीक्षण करें।
  • ​सभी विकास कार्य तय समय सीमा के भीतर पूरे होने चाहिए ताकि जनता को उनका लाभ मिल सके।

​पर्यावरण संरक्षण: फलदार वृक्षों को प्राथमिकता

​सड़क चौड़ीकरण के दौरान कटने वाले पेड़ों को लेकर समिति ने गंभीर रुख अपनाया। सभापति ने डीएफओ (DFO) स्वाति को निर्देश दिया कि यदि सड़क के किनारे पौधरोपण के लिए पर्याप्त जगह न हो, तो डिवाइडर के अलावा नए स्थान चिह्नित किए जाएं। उन्होंने सुझाव दिया कि पौधरोपण अभियान में फलदार वृक्षों को प्राथमिकता दी जाए, जिससे पर्यावरण के साथ-साथ स्थानीय पारिस्थितिकी को भी लाभ मिले।

​पर्यटन विभाग से मांगी गई रिपोर्ट

​समीक्षा बैठक के दौरान पर्यटन विभाग की कार्यप्रणाली पर समिति ने असंतोष व्यक्त किया। निर्माणाधीन परियोजनाओं के सटीक आंकड़े प्रस्तुत न करने पर समिति ने जिलाधिकारी के माध्यम से विस्तृत रिपोर्ट तलब की है। बैठक में समिति के सदस्य गौरीशंकर वर्मा, मनीष रावत, और महेंद्र नाथ यादव भी मौजूद रहे, जिन्होंने विभिन्न बिंदुओं पर अपने सुझाव रखे।

​जल जीवन मिशन और सड़कों की मरम्मत

​समिति ने जल जीवन मिशन के तहत बन रहे ओवरहेड टैंकों की प्रगति की भी जानकारी ली। अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि:

  1. ​सड़क निर्माण पूरी तरह मानक के अनुरूप और उच्च गुणवत्ता वाला हो।
  2. ​पाइपलाइन डालने के कारण क्षतिग्रस्त हुई सड़कों की मरम्मत समय पर सुनिश्चित की जाए।
  3. ​सरकारी योजनाओं का लाभ अंतिम पात्र व्यक्ति तक पहुँचना चाहिए।

​जिलाधिकारी ने दिया आश्वासन

​वाराणसी के जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार ने समिति को आश्वस्त किया कि उनके द्वारा दिए गए सभी निर्देशों और सुझावों का शत-प्रतिशत अनुपालन सुनिश्चित किया जाएगा। बैठक में नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल, सीडीओ प्रखर कुमार और एडीएम प्रशासन विपिन कुमार सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। बैठक के उपरांत सभापति और सदस्यों ने सारनाथ का भ्रमण कर वहां की व्यवस्थाओं का जायजा भी लिया।

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